“For those who yearn and pine for a glimpse of you; Who are ready to sacrifice their lives for your sake; For these slaves ready to sell themselves without price (on your path); May those moments of bliss return once again!”
यह कविता उन लोगों के लिए है जो आपकी एक झलक के लिए तरसते और व्याकुल होते हैं; जो आपकी खातिर अपने प्राणों का बलिदान देने को तैयार हैं; जो आपके मार्ग पर बिना किसी कीमत के खुद को बेचने को तैयार हैं; कामना है कि सुख के वे पल एक बार फिर लौट आएं।
Bulleh Shah ने इस शेर में इश्क़-ए-हक़ीक़ी का गहरा अहसास बयान किया है। यह उन रूहों की बात है जो बस एक झलक के लिए सब कुछ त्याग देने को तैयार हैं। शायर ने अपने दिल की गहराई से यह पुकार लगाई है कि वो वो पल वापस आ जाएं, जब प्रेम का एहसास इतना सच्चा था कि हर चीज़ बे-क़ीमत और सुकून भरी थी।
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