ताकि मैं जानूँ कि है उस की रसाई वाँ तलक
मुझ को देता है पयाम-ए-वादा-ए-दीदार-ए-दोस्त
“So I may know his reach extends to realms so far, He sends me word, the promise of my beloved's face.”
— मिर्ज़ा ग़ालिब
अर्थ
वह मुझे दोस्त (प्रेमी) के दीदार (दर्शन) के वादे का संदेश देता है, ताकि मैं जान सकूँ कि उसकी पहुँच वहाँ तक है।
विस्तार
यह सुंदर शेर गहरी भावनाओं और दर्शन की खोज करता है। ग़ालिब ने बेहतरीन तरीके से प्रेम, लालसा और आध्यात्मिक खोज के विषयों को जोड़ा है, जो शताब्दियों से प्रेरणा देता है।
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