देखी वफ़ा-ए-फ़ुर्सत-ए-रंज-ओ-नशात-ए-दहर
ख़म्याज़ा यक-दराज़ी-ए-उम्र-ए-ख़ुमार था
“I observed the steadfast brevity of worldly joy and pain,Its consequence: the solitary stretch of life's prolonged hangover's reign.”
— मिर्ज़ा ग़ालिब
अर्थ
मैंने दुनिया के दुख और सुख की स्थिर क्षणभंगुरता देखी। इसका परिणाम जीवन का एक लंबा और अकेला खुमार था।
विस्तार
यह सुंदर शेर गहरी भावनाओं और दर्शन की खोज करता है। ग़ालिब ने बेहतरीन तरीके से प्रेम, लालसा और आध्यात्मिक खोज के विषयों को जोड़ा है, जो शताब्दियों से प्रेरणा देता है।
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